GNIOT College News : जीएनआईओटी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज में कॉरपोरेट लीडरशिप कॉन्क्लेव का भव्य आयोजन, उद्योग जगत के दिग्गजों ने साझा किए अनुभव, विद्यार्थियों को मिला सुनहरा मार्गदर्शन, सीईओ स्वदेश कुमार सिंह का स्वागत भाषण

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टुडे।
दिल्ली-एनसीआर का शिक्षा हब कहलाने वाला ग्रेटर नोएडा इन दिनों एक ऐतिहासिक आयोजन का गवाह बना। नॉलेज पार्क स्थित जीएनआईओटी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज (GIMS) ने बड़े पैमाने पर कॉरपोरेट लीडरशिप कॉन्क्लेव का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में देश के विभिन्न हिस्सों से कॉर्पोरेट जगत के नामी-गिरामी लीडर्स ने शिरकत की और अपने बहुमूल्य विचारों एवं अनुभवों से विद्यार्थियों को व्यवसायिक ज्ञान और भविष्य की दिशा दिखाई।
सीईओ स्वदेश कुमार सिंह का स्वागत भाषण
कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थान के सीईओ स्वदेश कुमार सिंह ने किया। उन्होंने कॉन्क्लेव में शामिल सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा –
> “यह हमारे लिए गर्व का विषय है कि आज हमने देश के प्रमुख उद्योग विशेषज्ञों और विचारकों को एक मंच पर लाने का अवसर प्राप्त किया। हमारा उद्देश्य है कि विद्यार्थियों को वास्तविक कॉर्पोरेट चुनौतियों और अवसरों से अवगत कराया जाए। GIMS हमेशा छात्रों के उज्ज्वल भविष्य के लिए उद्योग जगत के साथ मिलकर काम करता रहेगा।”
उन्होंने आश्वासन दिया कि भविष्य में भी इस तरह के बड़े स्तर के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि विद्यार्थियों को लगातार उद्योग जगत के दिग्गजों से मार्गदर्शन मिलता रहे।
उद्घाटन: कॉर्पोरेट मेंटर और निदेशक मंडल का संबोधन
कॉन्क्लेव की औपचारिक शुरुआत संस्था के कॉर्पोरेट मेंटर आशीष कुमार (यूकेजी कंपनी), दीपक बंसल (रॉयल साइबर – ग्लोबल हेड टैलेंट एक्विजिशन) एवं संस्थान के निदेशक डॉ. भूपेंद्र सोम द्वारा की गई।
डॉ. सोम ने इस आयोजन की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा:
> “हम आज यहां उद्योग जगत के सबसे प्रमुख विचारकों के साथ हैं। यह कॉन्क्लेव न केवल हमारे संस्थान, बल्कि पूरे देश के कॉर्पोरेट और अकादमिक जगत के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है।”
डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और आईटी की भूमिका
एचसीएल टेक कंपनी के ग्लोबल हेड राजू कंसल ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन ही आने वाले समय का भविष्य है। उन्होंने डेटा एनालिटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और क्लाउड कंप्यूटिंग को नई अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताया।
केपीएमजी के टेक्निकल डायरेक्टर मीतू सिंह ने तकनीकी नवाचार की महत्ता पर जोर देते हुए कहा कि अब उद्योग ग्राहकों की आवश्यकताओं को डिजिटल समाधानों के जरिए तेजी और सटीकता से पूरा कर पा रहे हैं।
शिक्षा और तकनीक का संगम
पैनासोनिक इंडिया के ग्रुप हेड डॉ. जिया कौंडल ने बताया कि कैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म शिक्षा और प्रशिक्षण के क्षेत्र में क्रांति ला रहे हैं। उन्होंने कहा कि नई तकनीकें शिक्षा को अधिक इंटरैक्टिव, लचीला और प्रभावी बना रही हैं।

वैश्विक बिजनेस रणनीतियाँ और एंटरप्राइज सॉल्यूशंस
सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स की सीनियर एचआर निमिषा निगम पाठक ने ग्लोबल बिजनेस रणनीतियों और एंटरप्राइज सॉल्यूशंस पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने बताया कि भविष्य की अर्थव्यवस्था में इनोवेशन और स्ट्रेटेजिक थिंकिंग ही सबसे बड़ा हथियार होगा।
वहीं ऑरेंज बिजनेस के सीआईएसओ कमल गुप्ता और फ्रैक्टल ग्रुप के सीनियर डायरेक्टर ऋषि सेठ ने सरकारी नीतियों और उनके कॉर्पोरेट सेक्टर पर पड़ने वाले प्रभाव पर विस्तार से चर्चा की।
फाइनेंस और एचआर सेक्टर की चुनौतियाँ
कोटक महिंद्रा बैंक की वाइस प्रेसिडेंट (एचआर) अनुश्री वर्मा और इन्फिनिटी अपटाइम की ग्लोबल एचआर स्मिता नरकार ने प्रबंधन और फाइनेंस से जुड़े बदलते रुझानों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि बदलती अर्थव्यवस्था और टेक्नोलॉजी ने क्रेडिट रिस्क मैनेजमेंट और टैलेंट एक्विजिशन के तरीकों को पूरी तरह बदल दिया है।
आईटी सेक्टर और इनोवेशन की दिशा
द नट लाउंज के सीईओ विशाल कपूर और प्रेसिस्टेंट सिस्टम्स के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट राजीव नैथानी ने बताया कि कैसे आईटी सॉल्यूशंस और डिजिटल टूल्स व्यवसायों के संचालन को अधिक प्रभावी बना सकते हैं।
विप्रो कंपनी के एसोसिएट डायरेक्टर ओवैस रहमान ने वैश्विक व्यापार सेवाओं के ट्रेंड्स पर अपने विचार प्रस्तुत किए और कहा कि लगातार बदलते वैश्विक व्यापारिक वातावरण में कंपनियों को अपनी रणनीतियाँ समय-समय पर अपडेट करनी होंगी।
विद्यार्थियों के लिए अवसर
कॉन्क्लेव के दौरान सभी अतिथियों ने विद्यार्थियों को मार्केटिंग, एचआर, वित्त और सप्लाई चेन मैनेजमेंट जैसी प्रमुख कॉर्पोरेट गतिविधियों से परिचित कराया। विद्यार्थियों ने इन सत्रों से न केवल व्यवसायिक ज्ञान प्राप्त किया बल्कि करियर-ओरिएंटेड स्किल्स की भी समझ विकसित की।
संस्थान प्रबंधन की प्रतिक्रियाएँ
सीईओ स्वदेश कुमार सिंह ने कार्यक्रम की सफलता पर संस्था की पूरी टीम को बधाई दी और कहा:
> “यह आयोजन विद्यार्थियों के जीवन में मील का पत्थर साबित होगा। हमारे अतिथियों की उपस्थिति और उनके विचारों ने इस कॉन्क्लेव को यादगार बना दिया है।”
निदेशक डॉ. भूपेंद्र सोम ने कहा:
> “आज अकादमिक शिक्षा के साथ-साथ उद्योग जगत का ज्ञान बेहद आवश्यक है। यह कॉन्क्लेव छात्रों के करियर निर्माण में अहम भूमिका निभाएगा।”
कार्यक्रम के अंत में एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर डॉ. रुचि रायत ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आगे भी इसी तरह के आयोजन जारी रहेंगे ताकि छात्रों को लगातार उद्योग जगत से जोड़कर रखा जा सके।
दिल्ली एनसीआर के ग्रेटर नोएडा शहर नॉलेज पार्क स्थित प्रबंधन शिक्षा के क्षेत्र में विख्यात संस्था जीएनआईओटी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज, जीआईएमएस में बृहद स्तर पर कॉरपोरेट लीडरशिप कॉन्क्लेव का सफल आयोजन किया गया जिसमें देश के विभिन्न हिस्सों से नामी कॉर्पोरेट जगत के लीडर्स ने भाग लिया और अपने ज्ञानपूर्ण आख्यानों से छात्रों का ज्ञानवर्धन किए । इस कॉन्क्लेव के दौरान उद्योग जगत की वर्तमान स्थिति, भविष्य की संभावनाओं और प्रौद्योगिकी, शिक्षा और सरकारी नीतियों के मिलन पर एक समृद्ध विचार-विमर्श की मंच प्रदान किया।
जीएनआईओटी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज का यह कॉरपोरेट लीडरशिप कॉन्क्लेव विद्यार्थियों और उद्योग जगत के बीच एक सेतु के रूप में साबित हुआ। इस आयोजन ने छात्रों को वास्तविक कॉर्पोरेट दुनिया की झलक दिखाई और उन्हें आने वाले समय की चुनौतियों के लिए तैयार किया।
विश्व विख्यात एचसीएल टेक कंपनी के ग्लोबल हेड राजू कंसल ने अपने सत्र में डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि कैसे एचसीएल उभरती प्रौद्योगिकियों के माध्यम से भारतीय आईटी क्षेत्र को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धात्मक बनाने के लिए काम कर रहा है। उन्होंने डेटा एनालिटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और क्लाउड कंप्यूटिंग के क्षेत्र में नई प्रगति और उनके उद्योग पर प्रभाव पर चर्चा की।



