Dharmik Ramlila News : ग्रेटर नोएडा में श्री धार्मिक रामलीला समिति का भव्य दशहरा महोत्सव, 22 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलेगा सांस्कृतिक और धार्मिक उत्सव, विश्वस्तरीय मंच और विशाल पुतलों के दहन से गूंजेगा शहर, 100 से अधिक कलाकार करेंगे रामलीला मंचन, 350 फीट का विशाल स्टेज और 2200 स्क्वायर फीट एलईडी स्क्रीन

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टुडे। धार्मिक आस्था, भारतीय परंपरा और आधुनिक तकनीक का अद्भुत संगम इस बार ग्रेटर नोएडा में देखने को मिलेगा। सेक्टर पाई ऐच्छर स्थित श्री धार्मिक रामलीला मैदान में 22 सितंबर से शुरू होकर 2 अक्टूबर तक चलने वाला भव्य दशहरा महोत्सव 2025 हर मायने में विशेष होने जा रहा है। आयोजकों ने इस बार ऐसा मंच और व्यवस्थाएं तैयार की हैं, जिन्हें देखकर दर्शक खुद को एक विश्वस्तरीय आयोजन का हिस्सा महसूस करेंगे।
ग्रेटर नोएडा का यह दशहरा महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन ही नहीं, बल्कि संस्कृति, परंपरा और आधुनिक तकनीक का संगम भी होगा। विशाल मंच, भव्य एलईडी, सुव्यवस्थित व्यवस्था, दिव्य माहौल और उत्साहजनक कार्यक्रम दर्शकों को अविस्मरणीय अनुभव प्रदान करेंगे। यह आयोजन न सिर्फ भगवान श्रीराम की लीलाओं को जीवंत करेगा बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी भारतीय परंपरा और संस्कारों से जोड़ने का कार्य करेगा।
100 से अधिक कलाकार करेंगे रामलीला मंचन
समिति के अध्यक्ष आनंद भाटी ने प्रेस वार्ता में बताया कि इस वर्ष रामलीला मंचन देशभर से आए श्रेष्ठ कलाकारों द्वारा किया जाएगा। विशेष रूप से जोधपुर और बीकानेर से आए 100 से अधिक कलाकार भगवान श्रीराम की लीलाओं का मंचन करेंगे। इन सभी कलाकारों को परमपूज्य गोस्वामी सुशील जी महाराज के मार्गदर्शन में विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। उनका अभिनय और प्रस्तुति दर्शकों को आध्यात्मिकता और संस्कृति के महासागर में डुबो देगी।
350 फीट का विशाल स्टेज और 2200 स्क्वायर फीट एलईडी स्क्रीन
इस बार आयोजन स्थल पर 350 फीट लंबा और अत्याधुनिक मंच तैयार किया गया है। मीडिया प्रभारी अतुल आनंद ने बताया कि इस मंच को और भी भव्य बनाने के लिए 2200 स्क्वायर फीट की विशाल एलईडी स्क्रीन लगाई गई है। इससे हर दृश्य जीवंत प्रतीत होगा और दर्शक ऐसा महसूस करेंगे जैसे वे रामायण काल में उपस्थित हों।
पिछले साल जहां 1800 स्क्वायर फीट एलईडी का इस्तेमाल हुआ था, वहीं इस बार तकनीकी और सौंदर्य की दृष्टि से इसे और भी बेहतर बनाया गया है।
बैठने की व्यवस्था और आकर्षक मेला
महासचिव ममता तिवारी ने जानकारी दी कि दर्शकों के लिए बैठने की व्यवस्था पहले से कहीं अधिक सुव्यवस्थित और आरामदायक की गई है। हजारों श्रद्धालु एक साथ बैठकर रामलीला मंचन का आनंद ले सकेंगे। इसके साथ ही मैदान के आसपास झूले और मेले का विशेष आयोजन किया गया है, जिससे बच्चों और परिवारों के लिए यह उत्सव और भी मनोरंजक हो जाएगा।
स्वच्छता और सुरक्षा पर विशेष फोकस
समिति ने इस बार साफ-सफाई और सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया है। पूरा आयोजन स्थल मंदिर जैसे पवित्र वातावरण से सुसज्जित होगा। सुरक्षा व्यवस्था के लिए अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी, सीसीटीवी कैमरे और प्रशासनिक सहयोग लिया गया है। समिति का कहना है कि कानूनी प्रावधानों का पूरी तरह पालन होगा ताकि यह आयोजन अनुशासन और शांति के साथ सम्पन्न हो।

60 फीट का रावण दहन और सांस्कृतिक संध्या
इस बार दशहरा महोत्सव का सबसे बड़ा आकर्षण विशाल पुतलों का दहन होगा।
रावण – 60 फीट ऊंचा
कुंभकर्ण – 55 फीट ऊंचा
मेघनाद – 50 फीट ऊंचा
इन पुतलों का दहन आतिशबाजी के साथ किया जाएगा, जो रात के आकाश को रंगीन बना देगा। पहली बार इस महोत्सव में भगवान श्रीराम को समर्पित गीत, संगीत और नृत्य की विशेष संध्या आयोजित होगी। इसमें राष्ट्रीय स्तर के गायक, नर्तक और कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। साथ ही भगवान श्रीराम की भव्य महाआरती आयोजन की शोभा बढ़ाएगी।
इस तरह के विश्वस्तरीय आधुनिक व्यवस्थाओं के साथ दर्शक और प्रभु भक्त लीला का आनंद अच्छे से ले पाएं इसके लिए बैठने की व्यवस्थाएं भी इस बार बहुत अलग तरीके से और सुदृढ़ की गई है ।
मेला और झूला
मेला और झूला का बहुत ही सुंदर सामंजस्य रहेगा और दर्शकों को ज्यादा आनंद मिलेगा व्यवस्थाएं आकर्षित और शोभायमान करेंगी ।
साफ सफाई एवं सुरक्षा
प्रभु श्री राम का परिसर एक मंदिर की तरह है इसीलिए यहां पर साफ सफाई का भी विशेष ध्यान रखा जाएगा
सुरक्षा के भी इंतजाम बहुत उच्च कोटि के हैं सभी आवश्यक और महत्वपूर्ण बिंदुओं को ध्यान में रखकर तैयारी की गई है।
कानूनी विषय
सभी कानूनी विषयों का पालन करने के लिए भी हमारी श्री धार्मिक रामलीला कमेटी कटिबद्ध है।
विशाल दशहरा महोत्सव
इस बार विशाल दशहरा महोत्सव के उपलक्ष्य पर रावण कुंभकरण और मेघनाथ के 60,55 और 50 फीट के पुतलों का चकाचौंध कर देने वाले आतिशबाजी के साथ दहन होगा
प्रमुख पदाधिकारी और आयोजन समिति की भूमिका
इस अवसर पर समिति के कई पदाधिकारी और संरक्षक मौजूद रहे। इनमें प्रमुख रूप से परमपूज्य गोस्वामी सुशील जी महाराज, एडवोकेट राजकुमार नागर, पंडित प्रदीप शर्मा, शेर सिंह भाटी, हरवीर मावी, मुख्य संरक्षक नरेश गुप्ता, संरक्षक सुशील नागर, धीरेंद्र भाटी, मनोज गुप्ता, सतीश भाटी, दिनेश गुप्ता, पवन नागर, बालकिशन सफीपुर, धीरज शर्मा, कोषाध्यक्ष अजय नागर, उपाध्यक्ष जितेंद्र भाटी, मीडिया प्रभारी अतुल आनंद, सचिव एडवोकेट विमलेश रावल, ज्योति सिंह, वीरपाल मावी, जयदीप सिंह, गीता सागर, यशपाल नागर और तेजकुमार भाटी सहित अनेक पदाधिकारी शामिल रहे। सभी ने मिलकर इस महोत्सव को सफल बनाने का संकल्प लिया।



