Vijay Mahotsav Ramlila News : ग्रेटर नोएडा में श्री रामलीला कमेटी का भव्य आगाज़, गणेश वंदना से गूंजा मंचन, दिव्य झलकियों से भक्तिमय हुआ माहौल, दीप प्रज्ज्वलन कर हुआ शुभारंभ विधायक विनय वर्मा रहे मुख्य अतिथि

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टुडे। ग्रेटर नोएडा का वातावरण मंगलवार रात पूरी तरह धार्मिक और सांस्कृतिक रंगों में डूब गया, जब श्री रामलीला कमेटी साइट-4 द्वारा आयोजित रामलीला महोत्सव का भव्य मंचन गणेश वंदना के साथ आरंभ हुआ। मंच पर जब प्रथम स्वर गूंजे, तो पूरा पंडाल जयकारों से गूंज उठा। आयोजन समिति ने इस वर्ष के मंचन को और भी यादगार बनाने के लिए भव्य मंच सज्जा, साउंड और लाइटिंग की विशेष व्यवस्था की, जिससे दर्शक रामायणकालीन युग का अनुभव कर सके।
ग्रेटर नोएडा की यह भव्य रामलीला केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक एकता, सांस्कृतिक धरोहर और आध्यात्मिक अनुभव का अद्वितीय संगम है। गणेश वंदना से शुरू हुआ यह उत्सव आने वाले दिनों में श्रीराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुँचाएगा और समाज को धर्म, सत्य और न्याय के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देगा।
दीप प्रज्ज्वलन कर हुआ शुभारंभ – विधायक विनय वर्मा रहे मुख्य अतिथि
इस आयोजन की शुरुआत शोहरतगढ़ विधानसभा के विधायक विनय वर्मा ने दीप प्रज्ज्वलित कर की। उनका कहना था कि रामलीला भारतीय संस्कृति और परंपरा की जीवित धरोहर है, जो समाज को धर्म, सत्य और कर्तव्य का संदेश देती है।
अध्यक्ष मनजीत सिंह ने बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य केवल धार्मिक मनोरंजन नहीं, बल्कि युवाओं और बच्चों को अपनी जड़ों से जोड़ना भी है।
प्रथम दिन की झलक – रावण की तपस्या से लेकर भगवान विष्णु का आश्वासन
रामलीला के पहले दिन का मंचन दर्शकों के लिए अविस्मरणीय रहा।
रावण, कुंभकर्ण और विभीषण द्वारा कठोर तपस्या कर ब्रह्मा जी से वरदान प्राप्त करने का अद्भुत दृश्य मंचित किया गया।
इसके बाद नारद जी का संगीतमय प्रवेश और हिमगिरि पर्वत पर उनकी तपस्या का प्रसंग हुआ।
इंद्र देवता उनकी तपस्या से भयभीत दिखाई दिए।
दूसरी ओर, वरदान पाकर रावण धरती पर अत्याचार करने लगता है और ऋषि-मुनि भगवान विष्णु से प्रार्थना करते हैं।
भगवान विष्णु का सजीव अवतरण और उनके द्वारा धरती पर जन्म लेने का आश्वासन दर्शकों को भावविभोर कर गया।
आने वाले दिनों की लीलाएँ – राम जन्म से लेकर ताड़का वध तक
कोषाध्यक्ष मनोज गर्ग ने जानकारी दी कि आगामी 25 सितम्बर की लीला में कई महत्वपूर्ण प्रसंग मंचित होंगे। इनमें रावण-वेदमती संवाद, विष्णु-कौशल्या संवाद, श्रीराम जन्म, सीता जन्म, ताड़का वध और सुबाहु वध शामिल हैं। इन दृश्यों को लेकर दर्शकों में पहले से ही उत्साह है।

दर्शकों के लिए भव्य व्यवस्था – 1 लाख लोगों की सीटिंग क्षमता
मीडिया प्रभारी विनोद कसाना ने बताया कि 23 सितम्बर से 3 अक्टूबर तक प्रतिदिन शाम 7:30 बजे से रामलीला मंचन होगा।
लगभग 1 लाख दर्शकों के बैठने की व्यवस्था की गई है।
VIP एरिया में आरामदायक सोफे लगाए गए हैं, जहाँ केवल पास धारक ही प्रवेश कर सकेंगे।
जनरल एरिया में कुर्सियों की व्यवस्था की गई है।
दर्शकों के लिए फ्री एंट्री रखी गई है, और यह पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर उपलब्ध होगी।
सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान देते हुए पुलिस प्रशासन और कमेटी गार्ड्स तैनात किए गए हैं।
गणमान्य लोगों की उपस्थिति से बढ़ी शोभा
इस मौके पर बड़ी संख्या में गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से –
सरदार मंजीत सिंह, बिजेंद्र सिंह आर्य, धर्मपाल भाटी, मनोज गर्ग, सौरभ बंसल, विनोद कसाना, कुलदीप शर्मा, कमल सिंह आर्य, हरेंद्र भाटी, के.के. शर्मा, अमित गोयल, मुकेश शर्मा, मुकुल गोयल, चाचा हिंदुस्तानी, सुनील प्रधान, गिरीश जिंदल, अतुल जिंदल, विशाल जैन, मनोज यादव, श्यामवीर भाटी, श्रीचंद भाटी, विकास भाटी, रिंकू, दीपक, राहुल, अनुज, मोनू, टी.पी. सिंह, प्रभाकर देशमुख और प्रमोश मास्टर जी शामिल रहे।
रामलीला का महत्व – संस्कृति, आस्था और शिक्षा का अद्वितीय संगम
रामलीला केवल एक धार्मिक कथा का मंचन नहीं है, बल्कि यह समाज को धर्म, सत्य और न्याय के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। यह आयोजन बच्चों और युवाओं के लिए एक जीवंत पाठशाला है, जो उन्हें भारतीय संस्कृति और आदर्शों की गहराई से परिचित कराती है।
दर्शकों का उत्साह – पहले दिन ही जुटी भारी भीड़
रामलीला के पहले दिन ही भारी संख्या में दर्शकों की भीड़ उमड़ी। श्रद्धालुओं ने कहा कि इस आयोजन से उन्हें आध्यात्मिक शांति और सांस्कृतिक आनंद का अद्भुत अनुभव मिला। मंचन देखने आए स्थानीय लोगों का मानना था कि यह आयोजन ग्रेटर नोएडा को सांस्कृतिक दृष्टि से और भी समृद्ध बना रहा है।



