Noida Authority News : “आधा सदी का सफर, विकास की नई डगर, नोएडा प्राधिकरण ने सादगी में मनाया 50वां स्थापना दिवस, भविष्य के विज़न पर भी हुआ मंथन!”, पूजा, हवन और 50 किलो के केक के साथ जश्न, अधिकारियों ने लिया ‘स्मार्ट और विश्वस्तरीय नोएडा’ बनाने का संकल्प

नोएडा, रफ़्तार टूडे । नोएडा शहर के विकास की आधी सदी पूरी होने पर नोएडा प्राधिकरण ने अपना 50वां स्थापना दिवस सादगी और गरिमा के साथ मनाया। इस विशेष अवसर पर प्राधिकरण परिसर में पूजा-अर्चना और हवन का आयोजन किया गया, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक साथ भाग लेकर शहर की निरंतर प्रगति के लिए प्रार्थना की। कार्यक्रम के दौरान 50 किलो का भव्य केक काटकर इस ऐतिहासिक उपलब्धि का जश्न मनाया गया। यह आयोजन केवल एक उत्सव नहीं था, बल्कि नोएडा के 50 वर्षों के विकास, उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं का प्रतीक भी बना।
“50 साल का सफर—बुनियादी ढांचे से लेकर ग्लोबल पहचान तक”
नोएडा का यह 50 वर्षों का सफर आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, हरियाली और औद्योगिक विकास का प्रतीक रहा है। एक छोटे से औद्योगिक क्षेत्र से शुरू होकर आज नोएडा देश के प्रमुख शहरी और औद्योगिक हब के रूप में स्थापित हो चुका है। इस अवसर पर सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने मिलकर संकल्प लिया कि शहर को और अधिक स्वच्छ, सुंदर और तकनीकी रूप से उन्नत बनाया जाएगा।

“वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी ने बढ़ाई कार्यक्रम की गरिमा”
कार्यक्रम में सतीश पाल (अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी) सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन चौधरी राजकुमार सिंह द्वारा किया गया।
इसके अलावा कार्यक्रम में क्रांति शेखर सिंह, निजीलिंगगप्पा, ए.के. शर्मा, देवेन्द्र प्रताप सिंह, इंदु प्रकाश सिंह, लेखाधिकारी मनोज कुमार सिंह, आनंद मोहन सिंह, महाप्रबंधक एस.पी. सिंह, आर.पी. सिंह, ए.के. अरोड़ा, मुख्य अनुरक्षण अभियंता (जन स्वास्थ्य) आर.एस. यादव, सहायक महाप्रबंधक संजीव बेदी, महाप्रबंधक (नियोजन) मीना भार्गव, सहायक महाप्रबंधक शोभा कुशवाहा, वरिष्ठ प्रबंधक अमरजीत सिंह, कपिल सिंह, प्रदीप कुमार, रोहित सिंह, प्रबंधक रूप वशिष्ठ, आलोक अग्रवाल सहित कई अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
“जश्न के साथ जिम्मेदारी—भविष्य की चुनौतियों पर भी चर्चा”
स्थापना दिवस के अवसर पर केवल जश्न ही नहीं मनाया गया, बल्कि शहर के सामने मौजूद चुनौतियों पर भी गंभीरता से विचार किया गया। अधिकारियों और टीम ने इस बात पर जोर दिया कि—
प्रदूषण की समस्या से निपटना प्राथमिकता होगी
पेयजल संकट के समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे
ट्रैफिक जाम जैसी समस्याओं को कम करने के लिए बेहतर योजना बनाई जाएगी
इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार, जनप्रतिनिधियों, प्रशासन और पुलिस विभाग के बीच बेहतर समन्वय को आवश्यक बताया गया।

“पर्यटन के क्षेत्र में नई संभावनाएं—नोएडा को मिले नई पहचान”
कार्यक्रम के दौरान यह भी सुझाव दिया गया कि नोएडा को विश्वस्तरीय शहर बनाने के लिए पर्यटन क्षेत्र में भी विकास की जरूरत है। दिल्ली के प्रमुख पर्यटन स्थलों जैसे अक्षरधाम मंदिर और लोटस टेंपल के नजदीक होने के बावजूद नोएडा में बड़े पर्यटन स्थलों का अभाव महसूस किया जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यहां पर्यटन को बढ़ावा दिया जाए, तो इससे न केवल शहर की पहचान मजबूत होगी बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।
विरासत का सम्मान, भविष्य का संकल्प”
नोएडा प्राधिकरण का 50वां स्थापना दिवस यह दर्शाता है कि शहर ने विकास की लंबी यात्रा तय की है, लेकिन आगे का रास्ता और भी चुनौतीपूर्ण है। यह अवसर जहां एक ओर बीते वर्षों की उपलब्धियों को याद करने का था, वहीं दूसरी ओर भविष्य के लिए ठोस योजनाएं बनाने का भी रहा।
नोएडा अब केवल एक शहर नहीं, बल्कि आधुनिक भारत के विकास की एक मिसाल बन चुका है—और आने वाले वर्षों में इसे और ऊंचाइयों तक पहुंचाने की जिम्मेदारी सभी की है।



