Breaking News : “स्कूल चलो अभियान 2026 किताबें, ड्रेस और उम्मीदों की नई उड़ान—हर बच्चे तक शिक्षा पहुंचाने का संकल्प”, “गौतमबुद्धनगर में भी दिखा शिक्षा का उत्सव, जनप्रतिनिधियों MLC श्री श्रीचंद शर्मा और MLA तेजपाल नागर ने किया शुभारंभ”, “बच्चों को मिली सौगात—किताबें, ड्रेस, जूते और नया उत्साह”

गौतमबुद्धनगर, रफ़्तार टूडे। उत्तर प्रदेश में शिक्षा को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से शैक्षणिक सत्र 2026-27 के तहत ‘स्कूल चलो अभियान’ का भव्य शुभारंभ शनिवार को पूरे प्रदेश में किया गया। इस अभियान की शुरुआत Yogi Adityanath द्वारा Varanasi के कंपोजिट विद्यालय शिवपुर, वरुणापार जोन से की गई, जिसका सजीव प्रसारण जनपद गौतमबुद्धनगर के विकास भवन सभागार में भी उत्साह के साथ देखा गया।
“गौतमबुद्धनगर में भी दिखा शिक्षा का उत्सव, जनप्रतिनिधियों ने किया शुभारंभ”
जनपद गौतमबुद्धनगर में आयोजित कार्यक्रम में दादरी विधायक Tejpal Nagar एवं मुख्य विकास अधिकारी Dr. Shivakant Dwivedi ने संयुक्त रूप से अभियान का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में मौजूद अभिभावकों, शिक्षकों और छात्रों ने एलईडी स्क्रीन के माध्यम से मुख्यमंत्री के संबोधन को सुना और शिक्षा के इस महाअभियान का हिस्सा बने।
“हर बच्चे का अधिकार—शिक्षा को घर-घर तक पहुंचाने की पहल”
विधायक तेजपाल नागर ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षा केवल एक सुविधा नहीं, बल्कि हर बच्चे का मौलिक अधिकार है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों का अनिवार्य रूप से विद्यालयों में नामांकन कराएं, ताकि उनका भविष्य सुरक्षित, सशक्त और आत्मनिर्भर बन सके। यह अभियान विशेष रूप से उन बच्चों पर केंद्रित है जो किसी कारणवश स्कूल से दूर हैं, ताकि उन्हें दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके।
“प्रशासन की सख्ती—नामांकन के साथ गुणवत्ता पर भी फोकस”
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. शिवाकांत द्विवेदी ने स्पष्ट किया कि जिला प्रशासन केवल नामांकन बढ़ाने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने पर भी समान रूप से ध्यान दिया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विद्यालयों में बुनियादी सुविधाएं, शिक्षण स्तर और बच्चों के समग्र विकास को प्राथमिकता दी जाए, ताकि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य पूरा हो सके।
“बच्चों को मिली सौगात—किताबें, ड्रेस, जूते और नया उत्साह”
कार्यक्रम का सबसे आकर्षक और भावनात्मक पल तब देखने को मिला, जब विधायक तेजपाल नागर और विधान परिषद सदस्य Shrichand Sharma द्वारा छात्र-छात्राओं को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें, स्कूल ड्रेस, जूते और मौजे वितरित किए गए। सामग्री प्राप्त करते ही बच्चों के चेहरों पर खुशी और आत्मविश्वास की झलक साफ दिखाई दी। यह न केवल उनकी जरूरतों को पूरा करता है, बल्कि उन्हें शिक्षा के प्रति प्रेरित भी करता है।
“अभियान का लक्ष्य—कोई भी बच्चा न छूटे”
प्रशासन की ओर से जानकारी दी गई कि ‘स्कूल चलो अभियान’ के तहत घर-घर संपर्क कर अधिक से अधिक बच्चों का नामांकन सुनिश्चित किया जाएगा।
इसके साथ ही, ड्रॉपआउट बच्चों को पुनः शिक्षा से जोड़ने के लिए विशेष रणनीति तैयार की गई है, जिससे कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रह जाए।
“शिक्षा के साथ सामाजिक बदलाव की दिशा”
इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक राजेश कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल पवार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, शिक्षक, अभिभावक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। यह अभियान केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि समाज में जागरूकता और बदलाव लाने की दिशा में एक मजबूत कदम है।
उज्ज्वल भविष्य की ओर बढ़ता कदम”
‘स्कूल चलो अभियान 2026’ ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि यदि सरकार, प्रशासन और समाज मिलकर प्रयास करें, तो हर बच्चे तक शिक्षा पहुंचाना संभव है।
यह पहल न केवल बच्चों को स्कूल तक लाने का प्रयास है, बल्कि उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखने का भी संकल्प है।



