IEA Industry News : “पसीने की कीमत को मिला सम्मान, मजदूर दिवस पर IEA का बड़ा तोहफा, श्रमिकों के लिए लगा मुफ्त हेल्थ कैंप, जांच से लेकर परामर्श तक सब कुछ एक ही छत के नीचे”

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे।अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक क्षेत्र में एक सराहनीय और मानवीय पहल देखने को मिली, जहां इंडस्ट्रियल एंट्रेपरेणुर्स एसोसिएशन (IEA) ने श्रमिकों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए एक भव्य निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया।
साइट-B स्थित IEA मुख्यालय में आयोजित इस शिविर में बड़ी संख्या में श्रमिकों ने भाग लेकर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। यह आयोजन UPSIDA और जिला प्रशासन के दिशा-निर्देश में यथार्थ हॉस्पिटल के सहयोग से संपन्न हुआ।इस स्वास्थ्य शिविर का मुख्य उद्देश्य उन श्रमिकों तक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाना था, जो व्यस्त दिनचर्या, आर्थिक सीमाओं या जागरूकता की कमी के कारण समय पर इलाज नहीं करवा पाते।
शिविर में लगभग 100 श्रमिकों की विस्तृत जांच की गई, जिसमें ब्लड प्रेशर, शुगर, सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण और अन्य बीमारियों से संबंधित जांच शामिल रही। डॉक्टरों की विशेषज्ञ टीम ने प्रत्येक श्रमिक से व्यक्तिगत रूप से संवाद कर उनकी समस्याओं को समझा और उन्हें उचित सलाह दी।
कार्यक्रम के दौरान UPSIDA के क्षेत्रीय प्रबंधक श्री अनिल शर्मा और जिला उद्योग केंद्र के उपायुक्त श्री पंकज निर्वाण भी मौजूद रहे। उन्होंने शिविर का निरीक्षण किया और श्रमिकों से बातचीत कर उनकी समस्याओं को जाना। अधिकारियों ने IEA की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए अत्यंत आवश्यक हैं और इससे समाज में सकारात्मक संदेश जाता है।
IEA के संयुक्त सचिव श्री दिनेश चौहान ने बताया कि संगठन पिछले 20 दिनों से लगातार विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में इस तरह के स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर रहा है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि जरूरतमंद श्रमिकों को 5 किलोग्राम LPG सिलेंडर भी वितरित किए जा रहे हैं, जिससे उनकी दैनिक जीवन की समस्याओं को कम किया जा सके। उन्होंने कहा कि IEA का लक्ष्य केवल उद्योगों का विकास नहीं, बल्कि श्रमिकों का समग्र कल्याण भी है।
वहीं IEA के क्षेत्रीय सचिव श्री महिपाल चौहान ने यथार्थ हॉस्पिटल की टीम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों ने पूरे समर्पण के साथ अपनी सेवाएं दीं। उन्होंने कहा कि इस तरह के शिविर श्रमिकों के लिए बेहद उपयोगी साबित होते हैं और भविष्य में भी इस तरह के आयोजन जारी रहेंगे।
शिविर में पहुंचे श्रमिकों ने इस पहल को बेहद सराहा। कई श्रमिकों ने बताया कि उन्हें पहली बार इतनी व्यवस्थित और निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधा अपने कार्यस्थल के पास मिली है। इससे उनका समय और पैसा दोनों बचा, साथ ही उन्हें अपनी स्वास्थ्य स्थिति के बारे में सही जानकारी भी मिली। कुछ श्रमिकों ने यह भी कहा कि नियमित जांच से गंभीर बीमारियों का समय रहते पता चल सकता है।
इस आयोजन ने यह साबित किया कि जब उद्योग, प्रशासन और चिकित संस्थान एक साथ मिलकर काम करते हैं, तो श्रमिकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना संभव हो जाता है। IEA की यह पहल न केवल एक स्वास्थ्य शिविर थी, बल्कि यह श्रमिकों के प्रति सम्मान, संवेदनशीलता और सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक भी बनी।
अंत में, IEA ने यह संकल्प दोहराया कि वह भविष्य में भी इस तरह के जनहितकारी कार्यक्रमों को जारी रखेगा, ताकि श्रमिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और सुविधाएं मिलती रहें। यह पहल निश्चित रूप से समाज में एक प्रेरणादायक उदाहरण के रूप में उभरी है।



