ग्रेटर नोएडा के विश्विद्यालयों के शोधार्थियों ने अन्वेषण 2026 में लहराया परचम, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हासिल की बड़ी सफलता

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे। ग्रेटर नोएडा स्थित एक अग्रणी विश्वविद्यालय के पीएच.डी. शोधार्थियों ने अन्वेषण2025 में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। यह आयोजन एसोसिएशन ऑफ़ इंडियनयूनिवर्सिटीज द्वारा किया गया, जिसमें देशभर के विश्वविद्यालयों के छात्रों ने विभिन्न विषयों में अपने शोध प्रस्तुतकिए। इस उपलब्धि की शुरुआत विश्वविद्यालय स्तर से हुई, जहाँ लगभग 20 प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए गए। इनमें से6 बेहतरीन टीमों का चयन अगले चरण के लिए किया गया। ये टीमें आगे ज़ोनल स्तर की प्रतियोगिता में शामिलहुईं, जो जी.बी. पंत यूनिवर्सिटी ऑफ़ एग्रीकल्चर एंड टेक्नोलॉजी, पंतनगर (उत्तराखंड) में आयोजित हुई। इसचरण में उत्तर भारत के कई विश्वविद्यालयों की लगभग 150 टीमों ने हिस्सा लिया और छह अलग–अलग विषयों मेंप्रतिस्पर्धा हुई।
इस प्रतियोगिता में विश्वविद्यालय ने शानदार प्रदर्शन किया। लाइफ साइंसेज़ विभाग की पीएच.डी. शोधार्थी सुश्रीराखी राजपूत की टीम “बायोप्लास्टिक” ने “सोशल साइंसेज़, ह्यूमैनिटीज, बिजनेस मैनेजमेंट, कॉमर्स एंड लॉ” विषय में प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं, श्री सौम्यजीत चंद्र की टीम “क्लीन एंड ग्रीन फ्यूल” ने “एग्रीकल्चरलसाइंसेज़ एंड एलाइड सब्जेक्ट्स” में तीसरा स्थान प्राप्त किया। दोनों शोधार्थी डॉ. सौम्या पंडित के मार्गदर्शन मेंकार्य कर रहे हैं। ज़ोनल स्तर पर सफलता के बाद, विजेता टीमों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आयोजित एआईयूअन्वेषण प्रतियोगिता में भाग लिया, जो शूलिनी यूनिवर्सिटी में 25–26 फरवरी 2026 को आयोजित हुई। इसप्रतियोगिता में देश के सभी ज़ोन से चयनित शीर्ष टीमों ने हिस्सा लिया, जिससे यह मंच और भी प्रतिस्पर्धी बनगया।
इस मंच पर सुश्री राखी राजपूत ने अपने शोध “गामा-PGA बेस्ड बायोप्लास्टिक प्रोडक्शन फ्रॉम एग्रीकल्चरल वेस्टयूज़िंग बैक्टीरिया” के लिए प्रथम स्थान हासिल कर एक बड़ी उपलब्धि दर्ज की। उनके इस नवाचार को जूरी नेकाफी सराहा। इस उपलब्धि के लिए उन्हें ₹75,000 की नकद राशि से भी सम्मानित किया गया।
इन उपलब्धियों पर डीन रिसर्च डॉ. भुवनेश कुमार ने कहा, “यह हमारे लिए बेहद गर्व की बात है कि हमारे शोधार्थीराष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। यह सफलता उनकी मेहनत और सही मार्गदर्शन कापरिणाम है। हमारा विश्वविद्यालय हमेशा रिसर्च और नवाचार को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। ऐसे प्रयासभविष्य में भी जारी रहेंगे और हम और बेहतर उपलब्धियाँ हासिल करेंगे।”
एसोसिएट डीन रिसर्च डॉ. मोहित साहनी ने कहा, “हमारे छात्रों ने जिस तरह से अपने शोध को प्रस्तुत किया, वहसराहनीय है। यह उनकी समझ, मेहनत और लगन को दर्शाता है। हम लगातार उन्हें बेहतर संसाधन और मार्गदर्शनदेने की कोशिश करते हैं। यह उपलब्धि पूरे संस्थान के लिए प्रेरणा का स्रोत है।”



