Breaking News : मुख्यमंत्री के गौतम बुद्ध नगर दौरे से विकास को मिलेगी नई उड़ान!, नोएडा प्राधिकरण के नए मुख्यालय का उद्घाटन और हजारों करोड़ के इलेक्ट्रॉनिक्स निवेश का आगाज़, प्रशासन-पुलिस हाई अलर्ट पर, 10 वर्षों का इंतजार होगा खत्म, जनता को मिलेगा बड़ा लाभ, सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद

नोएडा/ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार, 27 जून को गौतम बुद्ध नगर के महत्वपूर्ण दौरे पर रहेंगे। मुख्यमंत्री का यह दौरा जिले के विकास, निवेश और प्रशासनिक व्यवस्थाओं के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। इस दौरान वे एक ओर जहां नोएडा प्राधिकरण के बहुप्रतीक्षित नए प्रशासनिक मुख्यालय का लोकार्पण करेंगे, वहीं दूसरी ओर यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) क्षेत्र में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर से जुड़ी हजारों करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शुभारंभ भी करेंगे। इन परियोजनाओं से न केवल गौतम बुद्ध नगर बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश को इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण के क्षेत्र में नई पहचान मिलने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर जिला प्रशासन, पुलिस कमिश्नरेट, नोएडा प्राधिकरण और यीडा ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है और कार्यक्रम स्थलों पर चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल की तैनाती की गई है।
इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर को मिलेगा नया आयाम
मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर यीडा के सेक्टर-10 में उतरेगा, जहां वे अंबर एंटरप्राइजेज इंडिया लिमिटेड तथा एसेट (Ascent K. Circuit Pvt. Ltd.) की अत्याधुनिक इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास करेंगे। Ascent K. Circuit Pvt. Ltd. की नई इकाई फ्लेक्सिबल पीसीबी, हाई डेंसिटी इंटरकनेक्ट (HDI) पीसीबी और सेमीकंडक्टर सब्सट्रेट्स के निर्माण पर केंद्रित होगी। यह परियोजना भारत को सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
वहीं, Amber Enterprises India Ltd. सेक्टर-8 में लगभग 100 एकड़ भूमि पर करीब 3,532 करोड़ रुपये के निवेश से विशाल विनिर्माण इकाई स्थापित करेगी। यहां पीसीबी असेंबली, कंप्यूटर इलेक्ट्रॉनिक्स, एयर कंडीशनर एवं घरेलू इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का उत्पादन किया जाएगा। इससे हजारों युवाओं को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है।
इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर बनेगा गेम चेंजर
केंद्र सरकार की इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (EMC) योजना के अंतर्गत लगभग 206 एकड़ क्षेत्र में विकसित किया जा रहा यह प्रोजेक्ट उत्तर प्रदेश की सबसे महत्वाकांक्षी औद्योगिक परियोजनाओं में शामिल है। केंद्र सरकार और यीडा के संयुक्त सहयोग से विकसित हो रहे इस क्लस्टर का उद्देश्य देश और विदेश की बड़ी इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों को आकर्षित करना है।
यीडा के अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी शैलेंद्र भाटिया के अनुसार यह परियोजना केवल औद्योगिक निवेश तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे क्षेत्र को वैश्विक स्तर का इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम है।
दस वर्षों का इंतजार होगा खत्म
यीडा कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री नोएडा के सेक्टर-96 पहुंचेंगे, जहां वे नोएडा प्राधिकरण के अत्याधुनिक नए मुख्यालय का लोकार्पण करेंगे। नोएडा प्राधिकरण की स्थापना के कई दशक बाद पहली बार उसे अपना पूर्ण विकसित और आधुनिक प्रशासनिक भवन मिलने जा रहा है। यह परियोजना वर्ष 2016 में शुरू हुई थी, लेकिन कोविड महामारी, निर्माण संबंधी चुनौतियों और ठेकेदारों की विभिन्न समस्याओं के चलते इसका कार्य कई वर्षों तक प्रभावित रहा। पहले इस भवन का उद्घाटन प्राधिकरण के स्थापना दिवस पर प्रस्तावित था, लेकिन परिस्थितियों के कारण कार्यक्रम स्थगित करना पड़ा था। अब मुख्यमंत्री स्वयं इसका उद्घाटन करेंगे।
आधुनिक तकनीक से लैस होगा नया मुख्यालय
करीब छह एकड़ भूमि में बने इस सात मंजिला प्रशासनिक भवन को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया गया है। परियोजना की प्रारंभिक लागत लगभग 390 करोड़ रुपये थी, लेकिन डिजाइन में बदलाव, स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और अतिरिक्त सुविधाओं को शामिल किए जाने के बाद इसकी लागत बढ़कर लगभग 930 करोड़ रुपये तक पहुंच गई।
भवन में आधुनिक कार्यालय, डिजिटल प्रशासनिक व्यवस्था, हाईटेक मीटिंग हॉल, नागरिक सेवा केंद्र, पार्किंग और अन्य अत्याधुनिक सुविधाएं विकसित की गई हैं।
जनता को मिलेगा बड़ा लाभ
वर्तमान समय में नोएडा प्राधिकरण के विभिन्न विभाग अलग-अलग भवनों से संचालित हो रहे हैं, जिससे आम नागरिकों को अपने कार्यों के लिए कई स्थानों के चक्कर लगाने पड़ते हैं। नए मुख्यालय के शुरू होने के बाद सभी प्रमुख विभाग एक ही परिसर में कार्य करेंगे, जिससे आवंटियों, उद्यमियों और आम नागरिकों को काफी सुविधा मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता बढ़ेगी, निर्णय लेने की प्रक्रिया तेज होगी और नागरिक सेवाएं अधिक प्रभावी बनेंगी।
सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद
मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह, जिलाधिकारी मेधा रूपम, डीसीपी नोएडा साद मियां खान सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
कार्यक्रम स्थल, हेलीपैड और प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। बम निरोधक दस्ते, डॉग स्क्वायड, एंटी टेरर यूनिट और यातायात पुलिस को भी विशेष जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
ट्रैफिक डायवर्जन की संभावना
मुख्यमंत्री के दौरे के मद्देनजर नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे तथा कार्यक्रम स्थलों के आसपास सीमित समय के लिए ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया जा सकता है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करें तथा अनावश्यक रूप से कार्यक्रम स्थलों के आसपास जाने से बचें।
निवेश, रोजगार और विकास को मिलेगी नई रफ्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह दौरा केवल उद्घाटन और शिलान्यास तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि इसे उत्तर प्रदेश को इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण, निवेश और प्रशासनिक आधुनिकीकरण के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे निवेश से आने वाले वर्षों में हजारों रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है, जिससे गौतम बुद्ध नगर देश के सबसे बड़े औद्योगिक और तकनीकी केंद्रों में अपनी स्थिति और मजबूत करेगा



