Greater Noida Authority News : किराए की चिंता खत्म!, ग्रेटर नोएडा में अपने घर का सपना होगा पूरा ओमिक्रॉन-1ए के रेडी-टू-मूव फ्लैटों की योजना 28 जनवरी से, ई-नीलामी से मिलेगा 2BHK घर

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे। दिल्ली-एनसीआर में अपना घर खरीदना आज भी लाखों परिवारों का सपना है। बढ़ते किराए, अनिश्चित भविष्य और निवेश की चिंता के बीच अब ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने आम लोगों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर दी है। सेक्टर ओमिक्रॉन-1ए में बने रेडी-टू-मूव 2BHK फ्लैटों की नई योजना 28 जनवरी से लॉन्च की जा रही है, जिससे सैकड़ों परिवारों का “अपने घर” का सपना साकार हो सकता है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण द्वारा इस योजना के तहत 83 वर्ग मीटर कार्पेट एरिया वाले कुल 90 फ्लैटों का आवंटन ई-नीलामी के माध्यम से किया जाएगा। ये सभी फ्लैट पहले से निर्मित हैं, यानी आवंटन के बाद लंबे इंतज़ार की परेशानी नहीं होगी।
क्यों खास है ओमिक्रॉन-1ए की यह योजना?
दरअसल, सेक्टर ओमिक्रॉन-1ए में प्राधिकरण द्वारा पहले से बनी बहुमंजिला इमारतों में अभी भी करीब 350 फ्लैट खाली हैं। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर संपत्ति विभाग ने इन फ्लैटों के आवंटन की प्रक्रिया को तेज कर दिया है, ताकि अधिक से अधिक लोग घर खरीद सकें।
इसी क्रम में सोसाइटी के आई-ब्लॉक में स्थित 90 फ्लैटों की योजना को 28 जनवरी से आम जनता के लिए खोला जा रहा है। यह कदम उन लोगों के लिए उम्मीद की किरण बनकर आया है, जो वर्षों से किराए के मकान में रहकर अपने घर का सपना देख रहे हैं।
फ्लैट का साइज, फ्लोर और कीमत – सब कुछ स्पष्ट
योजना के तहत उपलब्ध सभी फ्लैटों का
कार्पेट एरिया: 83.38 वर्ग मीटर
सुपर एरिया: 104.70 वर्ग मीटर
ये फ्लैट ग्राउंड फ्लोर से लेकर 15वीं मंजिल तक उपलब्ध हैं। फ्लोर के अनुसार इनका रिजर्व प्राइस तय किया गया है, जो लगभग 73.23 लाख रुपये से 74.35 लाख रुपये के बीच है। ई-नीलामी प्रक्रिया के तहत जो आवेदक सबसे अधिक बोली लगाएगा, उसी को फ्लैट का आवंटन किया जाएगा। इससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष रहेगी।
आवेदन से लेकर दस्तावेज़ तक—जानिए पूरी टाइमलाइन
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन और सरल बनाया है।
योजना लॉन्च: 28 जनवरी
पंजीकरण की अंतिम तिथि: 18 फरवरी
प्रोसेसिंग फीस जमा करने की अंतिम तिथि: 20 फरवरी
दस्तावेज़ जमा करने की अंतिम तिथि: 23 फरवरी
योजना का विस्तृत ब्रोशर प्राधिकरण की वेबसाइट
www.greaternoidaauthority.in
पर उपलब्ध होगा, जबकि आवेदन
https://gnida.etender.sbi
के माध्यम से किया जा सकेगा।
रेडी फ्लैट, जल्दी पजेशन—यही है सबसे बड़ा फायदा
इस योजना की सबसे बड़ी खासियत यह है कि सभी फ्लैट पहले से बने हुए हैं। यानी आवंटन के बाद निर्माण पूरा होने का इंतज़ार नहीं करना पड़ेगा। लीज डीड की प्रक्रिया पूरी होते ही आवंटी को जल्द पजेशन मिल सकेगा।
यह उन परिवारों के लिए बड़ी राहत है, जो अभी तक किराए के मकान में रह रहे हैं और हर महीने भारी किराया चुकाने को मजबूर हैं।
भुगतान में भी मिलेगी सुविधा
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने भुगतान के लिए भी लचीलापन रखा है। एकमुश्त भुगतान करने वाले आवेदकों को प्राथमिकता दी जाएगी।
किस्तों में भुगतान करने वाले आवेदक दो वर्षों में चार किस्तों में भुगतान कर सकते हैं।
इससे मध्यम वर्ग और नौकरीपेशा लोगों को आर्थिक दबाव से राहत मिलेगी।
लोकेशन की मजबूती भी बड़ा प्लस पॉइंट
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सुनील कुमार सिंह ने बताया कि सेक्टर ओमिक्रॉन-1ए की लोकेशन बेहद रणनीतिक है। यह क्षेत्र 130 मीटर चौड़ी सड़क से सीधा जुड़ा हुआ है, जिससे शहर के अन्य हिस्सों तक पहुंच आसान है।
उन्होंने कहा,“जो लोग अब तक अपना घर नहीं खरीद सके हैं, उनके लिए यह योजना एक बेहतरीन अवसर है। फ्लैट रेडी हैं, इसलिए आवंटन और लीज डीड होते ही पजेशन मिलेगा और किराए से छुटकारा मिलेगा।”
घर नहीं, भविष्य में निवेश
ओमिक्रॉन-1ए की यह योजना सिर्फ एक घर खरीदने का मौका नहीं, बल्कि भविष्य में सुरक्षित निवेश भी है। बेहतर कनेक्टिविटी, विकसित इंफ्रास्ट्रक्चर और प्राधिकरण द्वारा निर्मित प्रोजेक्ट होने के कारण इन फ्लैटों की मांग आने वाले समय में और बढ़ सकती है।



