CM Visit Jewar Airport : “जेवर एयरपोर्ट का महामंच तैयार!”, सीएम का सख्त निरीक्षण, 28 मार्च को इतिहास रचेगा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, तैयारियों का हाई-लेवल ऑडिट, हर बिंदु पर सीएम की पैनी नजर, ट्रैफिक, सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन पर फुल फोकस, “28 मार्च”—सिर्फ तारीख नहीं, इतिहास का दिन

गौतमबुद्धनगर, रफ़्तार टूडे। उत्तर प्रदेश के विकास के नक्शे पर सबसे बड़े और महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में शामिल नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के ऐतिहासिक लोकार्पण की उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। 28 मार्च को प्रस्तावित इस भव्य कार्यक्रम से पहले प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को खुद मौके पर पहुंचकर तैयारियों का गहन निरीक्षण किया और अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया—“किसी भी स्तर पर चूक बर्दाश्त नहीं होगी।”
यह सिर्फ एक एयरपोर्ट का उद्घाटन नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के ‘नए युग’ की शुरुआत माना जा रहा है, जहां इंफ्रास्ट्रक्चर, निवेश और वैश्विक कनेक्टिविटी एक साथ नई ऊंचाइयों को छूने जा रहे हैं।
तैयारियों का हाई-लेवल ऑडिट: हर बिंदु पर सीएम की पैनी नजर
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने एयरपोर्ट के हर महत्वपूर्ण हिस्से का बारीकी से जायजा लिया। इसमें पैसेंजर टर्मिनल, कार्गो टर्मिनल, वीवीआईपी मूवमेंट रूट, हेलीपैड, पार्किंग एरिया और रैली स्थल शामिल रहे।
सीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन को देखते हुए सभी व्यवस्थाएं “इंटरनेशनल स्टैंडर्ड” के अनुरूप हों।
उन्होंने कहा कि यह आयोजन उत्तर प्रदेश की छवि को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करेगा, इसलिए हर छोटी से छोटी व्यवस्था भी परफेक्ट होनी चाहिए।
सिर्फ एयरपोर्ट नहीं, मल्टी-प्रोजेक्ट लॉन्च का मेगा शो
28 मार्च को होने वाला यह कार्यक्रम कई बड़े प्रोजेक्ट्स का संगम होगा।
एयरपोर्ट का लोकार्पण
कार्गो टर्मिनल का उद्घाटन
MRO (मेंटेनेंस, रिपेयर एंड ऑपरेशन) सुविधा का शिलान्यास
यह पूरा कार्यक्रम उत्तर प्रदेश को एविएशन हब बनाने की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है।
ट्रैफिक, सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन पर फुल फोकस
मुख्यमंत्री ने समीक्षा बैठक में साफ कहा कि कार्यक्रम में लाखों लोगों की संभावित भीड़ को देखते हुए ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था “जीरो एरर” होनी चाहिए।
इसके लिए—
वैकल्पिक मार्गों की योजना
मल्टी-लेयर सिक्योरिटी सिस्टम
पार्किंग का वैज्ञानिक प्रबंधन
रियल टाइम ट्रैफिक कंट्रोल
जैसी व्यवस्थाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए।
हर सुविधा का खाका तैयार: “कोई असुविधा नहीं होनी चाहिए”
सीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्यक्रम स्थल पर आने वाले हर व्यक्ति को बेसिक सुविधाएं बिना किसी परेशानी के मिलें।
इसके तहत—
निर्बाध बिजली आपूर्ति
स्वच्छ पेयजल
पर्याप्त शौचालय
मेडिकल सुविधा
फायर सेफ्टी
हेल्प डेस्क और साइनेज
जैसी व्यवस्थाओं को समय से पहले सुनिश्चित करने को कहा गया।
प्रशासन, पुलिस और स्वयंसेवकों की संयुक्त तैनाती
मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है।
प्रत्येक ब्लॉक में प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिसकर्मियों और स्वयंसेवकों की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो।
समीक्षा बैठक में बड़े अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के बाद एयरपोर्ट परिसर में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें कई बड़े जनप्रतिनिधि और अधिकारी शामिल हुए।
इस दौरान प्रमुख रूप से मौजूद रहे—
क्षेत्रीय अध्यक्ष सतेंद्र सिसोदिया, प्रभारी मंत्री बृजेश सिंह, सांसद डॉ महेश शर्मा, सांसद सुरेंद्र नागर, MLC श्री श्रीचंद शर्मा, MLA धीरेंद्र सिंह, MLA तेजपाल नागर, जिला अध्यक्ष अभिषेक शर्मा साथ ही प्रशासनिक स्तर पर अपर मुख्य सचिव, मंडलायुक्त, पुलिस आयुक्त और जिलाधिकारी मेधा रूपम सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
“ग्लोबल ब्रांडिंग” पर जोर
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम को सिर्फ एक सरकारी आयोजन न मानते हुए इसे “ग्लोबल इवेंट” के रूप में प्रस्तुत करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि— एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने के लिए व्यापक ब्रांडिंग की जाए
देश-विदेश के निवेशकों को आकर्षित करने के लिए सकारात्मक संदेश जाए
मीडिया कवरेज और पब्लिक एंगेजमेंट को अधिकतम किया जाए
उत्तर प्रदेश के लिए गेमचेंजर साबित होगा जेवर एयरपोर्ट
विशेषज्ञों का मानना है कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट न सिर्फ दिल्ली-NCR बल्कि पूरे उत्तर भारत के लिए एक बड़ा गेमचेंजर साबित होगा।
यह प्रोजेक्ट—
रोजगार के लाखों अवसर पैदा करेगा
लॉजिस्टिक्स और एक्सपोर्ट को गति देगा
निवेश को आकर्षित करेगा
पर्यटन और व्यापार को नई दिशा देगा
“28 मार्च”—सिर्फ तारीख नहीं, इतिहास का दिन
अब सबकी नजरें 28 मार्च पर टिकी हैं, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट का उद्घाटन करेंगे।
यह दिन सिर्फ एक एयरपोर्ट के लोकार्पण का नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश की नई विकास गाथा के उद्घोष का प्रतीक बनने जा रहा है।
तैयारियां पूरी, अब इतिहास लिखने की बारी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त निर्देशों के बाद प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। हर विभाग अपने-अपने स्तर पर तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटा है।
अगर सब कुछ तय योजना के अनुसार रहा, तो 28 मार्च को जेवर एयरपोर्ट न सिर्फ उत्तर प्रदेश, बल्कि पूरे देश के इंफ्रास्ट्रक्चर इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होगा।



