GL Bajaj College News : “जब ग्लोबल बिज़नेस और इनोवेशन ने मिलाया हाथ—जीएल बजाज में 9वें इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस ने रचा ज्ञान, शोध और भविष्य का नया इतिहास!”, दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन में देश-विदेश के विशेषज्ञों का जमावड़ा, इनोवेशन और इनक्लूजन पर गूंजे नए विचार

ग्रेटर नोएडा, रफ़्तार टूडे । ग्रेटर नोएडा स्थित जीएल बजाज इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च में आयोजित दो दिवसीय “9th इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन ग्लोबल बिज़नेस इनोवेशंस: इनक्लूजन एंड एक्सपेंशन” ने शिक्षा, शोध और उद्योग जगत के बीच एक सशक्त संवाद का मंच तैयार किया। पीजीडीएम ऑडिटोरियम में आयोजित इस भव्य सम्मेलन का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जहां देश-विदेश के शिक्षाविदों, शोधार्थियों और उद्योग विशेषज्ञों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। यह आयोजन न केवल ज्ञान के आदान-प्रदान का केंद्र बना, बल्कि भविष्य के बिज़नेस मॉडल और नवाचार की दिशा भी तय करता नजर आया।
“मुख्य अतिथि का संदेश—नवाचार ही है वैश्विक प्रतिस्पर्धा की कुंजी”
सम्मेलन के मुख्य अतिथि डॉ. भीमराया मेत्री (निदेशक, आईआईएम नागपुर) ने अपने संबोधन में कहा कि आज वैश्विक व्यापार तेजी से बदल रहा है और इस बदलते परिदृश्य में नवाचार की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण हो गई है। उन्होंने शोधार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि—
शोध कार्य में गुणवत्ता और प्रासंगिकता जरूरी है
व्यावहारिक दृष्टिकोण अपनाना समय की मांग है
शिक्षा और उद्योग के बीच बेहतर तालमेल से ही वास्तविक विकास संभव है
“विशिष्ट अतिथि ने बताया—शोध और समावेशिता से ही होगा विकास”
विशिष्ट अतिथि डॉ. ममता रानी अग्रवाल ने उच्च शिक्षा में नवाचार और समावेशिता की आवश्यकता पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि— गुणवत्तापूर्ण शोध देश के समग्र विकास में अहम भूमिका निभाता है
शोधार्थियों को नई तकनीकों और इंटरडिसिप्लिनरी अप्रोच अपनानी चाहिए
वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए निरंतर सीखना जरूरी है
“संस्थान का विज़न—शोध और उद्योग के बीच मजबूत सेतु”
इस अवसर पर कार्तिकेय अग्रवाल (सीईओ, जीएल बजाज ग्रुप ऑफ एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस) ने कहा कि ऐसे अंतर्राष्ट्रीय मंच छात्रों और फैकल्टी को वैश्विक रुझानों से जोड़ने का कार्य करते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि—
इनोवेशन और इनक्लूजन के बिना विस्तार संभव नहीं
संस्थान शोध और उद्योग के बीच पुल का काम करता रहेगा
“डायरेक्टर का संदेश—ज्ञान के साथ सहयोग के नए अवसर”
संस्थान की डायरेक्टर डॉ. सपना राकेश ने सम्मेलन को संस्थान के लिए गौरवपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि विभिन्न ट्रैक्स में प्रस्तुत शोध पत्रों ने विषय की गहराई और विविधता को उजागर किया। यह मंच प्रतिभागियों के लिए—
नए विचारों का आदान-प्रदान
शोध में सहयोग
और वैश्विक दृष्टिकोण विकसित करने का अवसर बना
“तकनीकी सत्रों में दिखी रिसर्च की ताकत”
सम्मेलन के दौरान आयोजित तकनीकी सत्रों में बड़ी संख्या में शोधार्थियों ने भाग लिया।
इन सत्रों में—डेटा एनालिसिस, मार्केटिंग, ह्यूमन रिसोर्स (HR)
फाइनेंस जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर शोध पत्र प्रस्तुत किए गए। चर्चा का स्तर उच्च रहा और प्रतिभागियों ने एक-दूसरे के विचारों से सीखते हुए ज्ञान को और समृद्ध किया।
“सफल समापन—उत्साह, संवाद और नई ऊर्जा के साथ”
दो दिवसीय इस अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का समापन प्रतिभागियों की सकारात्मक प्रतिक्रिया और उत्साहपूर्ण सहभागिता के साथ हुआ।
कार्यक्रम के प्रथम दिन का समापन डॉ. आदर्श गर्ग और डॉ. आनंद राय द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया।
ज्ञान, नवाचार और सहयोग से ही बनेगा भविष्य”
जीएल बजाज में आयोजित यह अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन इस बात का प्रमाण है कि जब शिक्षा, शोध और उद्योग एक साथ आते हैं, तो नए विचारों और संभावनाओं के द्वार खुलते हैं। यह आयोजन न केवल छात्रों और शोधार्थियों के लिए प्रेरणादायक रहा, बल्कि वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए उन्हें तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी साबित हुआ।



