Noida Society News : “डेढ़ लाख लोगों की आवाज एक मंच पर!”—विधायक तेजपाल नागर ने नोएडा अथॉरिटी से मांगा जवाब, बिल्डरों की लापरवाही पर कड़ा रुख, 20 से ज्यादा सेक्टरों की समस्याएं—अब एक साथ उठी आवाज

नोएडा, रफ़्तार टूडे। नोएडा के तेजी से विकसित होते सेक्टरों में रहने वाले हजारों परिवारों की रोजमर्रा की परेशानियां अब प्रशासन के दरवाजे तक पहुंच चुकी हैं। दादरी विधानसभा क्षेत्र के करीब डेढ़ लाख निवासियों की बुनियादी समस्याओं को लेकर विधायक तेजपाल नागर ने शुक्रवार को कृष्णा करुणेश से मुलाकात कर एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा। यह मुलाकात सिर्फ औपचारिक नहीं थी, बल्कि इसमें उन मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया जो लंबे समय से लोगों के जीवन को प्रभावित कर रहे हैं—चाहे वह सड़कें हों, जल निकासी की समस्या, स्ट्रीट लाइट की कमी या फिर बिल्डरों की लगातार लापरवाही।
20 से ज्यादा सेक्टरों की समस्याएं—अब एक साथ उठी आवाज
बताया गया कि एक्सप्रेसवे से सटे 20 से अधिक सेक्टरों में रहने वाले लोग बुनियादी सुविधाओं के अभाव से जूझ रहे हैं। इन क्षेत्रों में रहने वाले निवासियों को रोजमर्रा की छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है।
विधायक ने सीईओ को दिए गए पत्र में स्पष्ट किया कि यदि इन समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया, तो यह असंतोष बड़े जनआंदोलन का रूप ले सकता है।
सड़क से स्ट्रीट लाइट तक—हर मुद्दे पर मांगा समाधान
मुलाकात के दौरान जिन प्रमुख समस्याओं को उठाया गया, उनमें शामिल हैं:
टूटी और अधूरी सड़कें
ड्रेनेज सिस्टम की खराब स्थिति
स्ट्रीट लाइट का अभाव
बढ़ता प्रदूषण
अधूरी इंफ्रास्ट्रक्चर सुविधाएं
बिल्डरों द्वारा वादाखिलाफी
इन सभी मुद्दों को जनहित से जुड़ा बताते हुए विधायक ने प्राधिकरण से त्वरित कार्रवाई की मांग की।
बिल्डरों की लापरवाही पर सख्त नाराजगी
बैठक में सबसे गंभीर मुद्दा बिल्डरों की कार्यशैली को लेकर सामने आया। कई हाउसिंग प्रोजेक्ट्स में लोगों को वादा की गई सुविधाएं आज तक नहीं मिल पाई हैं। विधायक तेजपाल नागर ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि बिल्डरों की जवाबदेही तय की जानी चाहिए और जिन परियोजनाओं में लापरवाही सामने आई है, वहां सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
सेक्टर-150 की समस्याओं पर विशेष चर्चा
विधायक प्रतिनिधि योगेश सिंह के साथ बैठक की शुरुआत सेक्टर-150 की समस्याओं से हुई। यह क्षेत्र तेजी से विकसित हो रहा है, लेकिन यहां भी बुनियादी सुविधाओं की कमी साफ नजर आती है।
यहां के निवासियों ने सड़क, सफाई, जल निकासी और सार्वजनिक सुविधाओं को लेकर कई शिकायतें दर्ज कराई हैं, जिन्हें प्राथमिकता के आधार पर हल करने की मांग की गई।
जनता को राहत दिलाने के निर्देश
Noida Authority के सीईओ कृष्णा करुणेश ने सभी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को जल्द निस्तारण के निर्देश दिए हैं।
प्राधिकरण का कहना है कि इन समस्याओं के समाधान के लिए विभागीय स्तर पर कार्य योजना तैयार की जाएगी, ताकि लोगों को जल्द राहत मिल सके।
विकास के साथ जिम्मेदारी भी जरूरी
नोएडा जैसे तेजी से बढ़ते शहर में इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाओं का संतुलन बनाए रखना बेहद जरूरी है। यह मामला एक बार फिर यह दिखाता है कि केवल विकास परियोजनाएं शुरू करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी गुणवत्ता और समय पर पूर्णता भी उतनी ही अहम है।
अब नजर इस बात पर रहेगी कि प्राधिकरण और बिल्डर्स मिलकर इन समस्याओं का कितना जल्दी और प्रभावी समाधान कर पाते हैं।



